
Jawaharlal Nehru Bharat Ratna 1955:क्या नेहरू ने खुद को सम्मानित किया था? जानिए पूरा सच और इतिहास
भारतीय इतिहास (Indian History) में कुछ ऐसे सवाल हैं जो हर स्टूडेंट और आम आदमी जानना चाहता है। अगर आप Google पर सर्च कर रहे हैं कि “Bharat ke 6th Bharat Ratna kinko mila?” (भारत का छठा भारत रत्न किसे मिला?), तो इसका सीधा जवाब है पंडित जवाहरलाल नेहरू (Pt. Jawaharlal Nehru)। उन्हें यह सम्मान साल 1955 में दिया गया था।
लेकिन, जैसे ही हम Jawaharlal Nehru Bharat Ratna 1955 की बात करते हैं, इंटरनेट पर एक बहुत बड़ी कंट्रोवर्सी (Controversy) सामने आती है। सोशल मीडिया और WhatsApp यूनिवर्सिटी पर अक्सर यह दावा किया जाता है कि नेहरू जी ने खुद को ही यह अवार्ड दे दिया था। लोग अक्सर टाइप करते हैं: “Nehru ne khud ko Bharat Ratna diya tha kya?” या “Did Nehru award Bharat Ratna to himself?”
आज के इस आर्टिकल में हम Real story of 1955 Bharat Ratna से पर्दा उठाएंगे। साथ ही, हम Jawaharlal Nehru biography, उनके Freedom struggle में योगदान, उनकी Famous Books और Nehru family tree के बारे में भी डिटेल में जानेंगे। यह आर्टिकल आपके लिए एक कम्प्लीट गाइड है।
सबसे पहले फैक्ट्स (Facts) चेक करते हैं। भारत रत्न की शुरुआत 1954 में हुई थी। 1954 में 3 लोगों को यह अवार्ड मिला। उसके अगले साल, यानी 1955 Bharat Ratna winners list में फिर से 3 नाम शामिल थे:
भगवान दास (Bhagwan Das) – दार्शनिक और स्कॉलर।
एम. विश्वेश्वरैया (M. Visvesvaraya) – महान इंजीनियर।
जवाहरलाल नेहरू (Jawaharlal Nehru) – भारत के पहले प्रधानमंत्री।
इस लिस्ट के हिसाब से, नेहरू जी भारत रत्न पाने वाले 6th person थे।
1955 में नेहरू जी सोवियत संघ (USSR) और यूरोप के एक बहुत ही सक्सेसफुल दौरे (Foreign Tour) से वापस आए थे। उस वक्त उनकी इंटरनेशनल पॉपुलैरिटी (Popularity) बहुत ज्यादा थी। दुनिया भर में उनके “Peace Efforts” (शांति प्रयासों) की तारीफ हो रही थी। इसी वजह से उन्हें इस सम्मान के लिए चुना गया।
यह टॉपिक इंटरनेट पर High Volume Search में आता है। सवाल यह है कि क्या एक प्रधानमंत्री खुद को ही देश का सबसे बड़ा सम्मान दे सकता है?
नॉर्मली, भारत रत्न के लिए नाम की सिफारिश (Recommendation) Prime Minister ही President को भेजते हैं। चूंकि 1955 में Bharat ke pehle pradhan mantri खुद नेहरू जी थे, तो आलोचकों (Critics) का कहना है कि उन्होंने अपने ही नाम की सिफारिश कर दी होगी।
असली कहानी कुछ और है। Who gave Bharat Ratna to Nehru? इसका जवाब है— राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद (Dr. Rajendra Prasad)।
जब नेहरू जी अपने विदेश दौरे से दिल्ली वापस आए, तो राष्ट्रपति भवन में एक ग्रैंड डिनर (Banquet) रखा गया था। वहां डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने प्रोटोकॉल तोड़ते हुए अनाउंस किया कि वे अपनी Presidential Prerogative (विशेषाधिकार) का इस्तेमाल करते हुए नेहरू जी को भारत रत्न दे रहे हैं।
डॉ. प्रसाद ने बाद में यह कन्फर्म भी किया था कि उन्होंने इस फैसले के लिए पीएम या कैबिनेट से कोई सलाह नहीं ली थी, क्योंकि उन्हें पता था कि नेहरू इसके लिए कभी हां नहीं करेंगे। तो, अगर आप सर्च कर रहे हैं “Why Nehru got Bharat Ratna?”, तो वजह थी उनका ग्लोबल विजन और शांति के प्रयास, और यह फैसला पूरी तरह से राष्ट्रपति का था।
अब बात करते हैं उस इंसान की जिसने आधुनिक भारत की नींव रखी। Nehru ji ka jeevan parichay स्टूडेंट्स के लिए बहुत इम्पोर्टेन्ट टॉपिक है।
जवाहरलाल नेहरू का जन्म 14 नवंबर 1889 को इलाहाबाद (अब प्रयागराज) में हुआ था।
Father Name: मोतीलाल नेहरू (Motilal Nehru), जो एक अमीर बैरिस्टर थे।
Mother Name: स्वरूप रानी।
Family: वे कश्मीरी पंडित (Kashmiri Pandit) परिवार से थे। Nehru family tree में आगे चलकर इंदिरा गांधी, राजीव गांधी और राहुल गांधी जैसे नाम जुड़े।
नेहरू जी की पढ़ाई-लिखाई बहुत हाई क्लास थी।
उन्होंने अपनी शुरुआती पढ़ाई घर पर ही की।
बाद में वे इंग्लैंड चले गए और वहां के फेमस Harrow School में पढ़ाई की।
आगे की पढ़ाई उन्होंने Trinity College, Cambridge से की और Law (वकालत) की डिग्री ली।
उनके विचारों में जो मॉडर्न एप्रोच (Modern Approach) थी, वो उनकी वेस्टर्न एजुकेशन की ही देन थी।
Jawaharlal Nehru contribution to India को हम इग्नोर नहीं कर सकते। 1912 में भारत लौटने के बाद उनकी मुलाकात Mahatma Gandhi से हुई, और यहीं से उनकी लाइफ बदल गई।
Non-Cooperation Movement (1920): गांधी जी के कहने पर उन्होंने अपनी रईसी छोड़ी, खादी पहनी और जेल गए।
Purna Swaraj (1929): यह बहुत बड़ा कीवर्ड है। 1929 के लाहौर सेशन में नेहरू जी ने ही सबसे पहले “Purna Swaraj” (Total Independence) की मांग की थी।
Jail Life: आजादी के लिए वे कई बार जेल गए। उनका काफी समय जेल की दीवारों के पीछे बीता, जहां उन्होंने अपनी किताबें लिखीं।
15 अगस्त 1947 को जब देश आजाद हुआ, तो सबके मन में सवाल था— First Prime Minister of India kaun the? पंडित नेहरू ने कमान संभाली और 17 साल तक देश का नेतृत्व किया।
आजादी की रात को दिया गया उनका भाषण “Tryst with Destiny speech” आज भी वर्ल्ड के बेस्ट स्पीचेस में गिना जाता है।
नेहरू जी का विजन साइंस और टेक्नोलॉजी पर था।
IIT & IIM: आज इंडिया जिस टैलेंट के लिए जाना जाता है, उसकी नींव नेहरू जी ने IITs और AIIMS बनाकर रखी थी।
Space Program: डॉ. विक्रम साराभाई के साथ मिलकर उन्होंने ISRO (तब INCOSPAR) की शुरुआत की।
Dams & Industry: उन्होंने भाखड़ा नांगल जैसे बांध बनवाए और उन्हें “Temples of Modern India” कहा।
आजकल Nehru vs Modi comparison बहुत ट्रेंड में रहता है, लेकिन हमें यह समझना होगा कि 1947 में भारत की हालत बहुत खराब थी, और उस वक्त नेहरू जी ने देश को एक स्ट्रक्चर दिया।
नेहरू जी सिर्फ पॉलिटिशियन नहीं थे, वे एक गजब के राइटर भी थे। Nehru ji ki famous books अक्सर एग्जाम्स में पूछी जाती हैं।
अहमदनगर जेल में लिखी गई यह किताब इंडियन हिस्ट्री का मास्टरपीस है।
Subject: इसमें सिंधु घाटी सभ्यता (Indus Valley Civilization) से लेकर आजादी तक का पूरा इतिहास है।
अगर आप भारत को समझना चाहते हैं, तो Discovery of India by Jawaharlal Nehru जरूर पढ़ें।
Letters from a Father to His Daughter: यह उन लेटर्स का कलेक्शन है जो उन्होंने जेल से अपनी बेटी Indira Gandhi को लिखे थे।
Glimpses of World History: इसमें उन्होंने वर्ल्ड हिस्ट्री को बहुत ही आसान भाषा में समझाया है।
अगर आप YouTube Shorts या Reels बना रहे हैं, तो ये Rare facts about Nehru आपके काम आएंगे:
Nobel Prize Nomination: आपको जानकर हैरानी होगी कि नेहरू जी को 1950 से 1955 के बीच 11 बार Nobel Peace Prize के लिए नॉमिनेट किया गया था, लेकिन मिला नहीं।
Nehru Jacket: उनकी बंद गले की जैकेट इतनी फेमस हुई कि आज भी उसे “Nehru Jacket” ही कहा जाता है। फैशन वर्ल्ड में यह एक बड़ा ट्रेंड है।
Chacha Nehru: उन्हें बच्चों से बहुत प्यार था, इसलिए उनका जन्मदिन Children’s Day (बाल दिवस) के रूप में मनाया जाता है।
Nehru and Edwina Mountbatten: लॉर्ड माउंटबेटन की पत्नी एडविना के साथ उनकी फ्रेंडशिप अक्सर चर्चा में रहती है। यह Viral Topic है।
लोग अक्सर सर्च करते हैं: Nehru ji ki death kab hui thi?
27 मई 1964 को हार्ट अटैक (Heart Attack) से उनका निधन हुआ। 1962 में चीन के साथ हुए युद्ध (China War) में मिली हार ने उन्हें अंदर से तोड़ दिया था। उनकी मौत के बाद Lal Bahadur Shastri प्रधानमंत्री बने।
उनकी लेगेसी (Legacy) मिक्स है। कुछ लोग उन्हें लोकतंत्र का रक्षक मानते हैं, तो कुछ लोग कश्मीर मुद्दे (Kashmir Issue) के लिए उन्हें जिम्मेदार ठहराते हैं। लेकिन History of Jawaharlal Nehru पढ़े बिना मॉडर्न इंडिया को समझना नामुमकिन है।
तो दोस्तों, Jawaharlal Nehru Bharat Ratna 1955 controversy का सच यही है कि उन्होंने खुद को अवार्ड नहीं दिया था। यह सम्मान उन्हें तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने उनके काम और ग्लोबल इमेज को देखते हुए दिया था।
चाहे आप उनके फैन हों या क्रिटिक (Critic), यह मानना पड़ेगा कि भारत को एक साइंटिफिक और डेमोक्रेटिक देश बनाने में उनका रोल बहुत बड़ा था। Bharat ke 6th Bharat Ratna के रूप में उनका नाम इतिहास में दर्ज है।
उम्मीद है कि “Kya Nehru ne khud ko Bharat Ratna diya” वाली कंफ्यूजन अब दूर हो गई होगी।
Jawaharlal Nehru ko Bharat Ratna kab mila?
Ans: उन्हें 1955 में भारत रत्न मिला था।
Kya Nehru ne khud ko Bharat Ratna diya tha? (Did he award himself?)
Ans: नहीं, यह गलत है। 1955 में प्रेसिडेंट डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने उन्हें यह सम्मान दिया था, बिना किसी कैबिनेट रिकमेंडेशन के।
Bharat ke pehle PM kaun the?
Ans: पंडित जवाहरलाल नेहरू भारत के पहले प्रधानमंत्री थे।
1955 me Bharat Ratna kise mila?
Ans: 1955 में तीन लोगों को मिला: भगवान दास, एम. विश्वेश्वरैया, और जवाहरलाल नेहरू।
Nehru ji ki death kaise hui?
Ans: 27 May 1964 को उन्हें हार्ट अटैक आया था।
Nehru ji ki famous kitabein kaun si hain?
Ans: The Discovery of India और Letters from a Father to His Daughter उनकी सबसे पॉपुलर बुक्स हैं।